Answer:
if rubber bands come back quickly so would humans in this situation
Explanation:
Answer:मानव अधिकार आयोग
मई 11, 2010 Loksangharsha द्वारा
आयोग का उद्देश्य – भारतीय संविधान ने अपने नागरिकों के इंसान की तरह सम्मानपूर्वक जीने का अधिकार प्रदान कर रखा है। इंसान, इंसान ही होता है हैवान नहीं हो सकता, फिर भी हमारे देश का एक वर्ग इंसान को हैवान की तरह बांधने, बांधने के बाद छोड़कर हंकाने और कभी-कभी इंसान के सम्मान को छोड़कर बाकी सभी सुख-सुविधाएं उन्हें मुहैया करने के पक्ष में है। अब तो इस मशीनी युग में सारा काम मशीन से किया जाता है और उन मशीनों को चलाने वाले इंसानी दिमाग होते हैं। इस मशीनों का मालिक मशीनों को ठीक-ठाक रखने के लिए इसके रख-रखाव पर ठीक-ठाक खर्च करता है, उसी तरह इस मशीनी युग से पहले जब हमारा समाज जानवरों पर निर्भर करता था, खेती से लेकर ढुलाई तक काम और उससे पहले राजा महाराजा लड़ाई में जानवरों का इस्तेमाल किया करते थे। राजाओं की सेना में घोड़ों और हाथियों के अस्तबल हुआ करते थे और उनकी देखभाल के लिए भी इसी तरह के इंसान लगाये जाते थे जिस तरह आज मशीनों की देखभाल के लिए लगाए जाते हैं। खेती और ढुलाई का काम जानवरों से लेने वाले लोग भी जानवरों की देखभाल इतनी करते थे कि एक-दूसरे में होड़ लगती थी, किसका जानवर कितना अच्छा और मजबूत है। आज हमारा कारपोरेट पुराने राजाओं और खेतीहरों की तरह जानवर की जगह इंसान पाल रहा है और ये पालतू इंसान बहुत खुश होता है, कार्पोरेट से अच्छी सुख-सुविधाएं प्राप्त करके।
Explanation:MARK ME AS BRAINEST PLSSSSS!!!!
Answer: supernatural elements
a difficult journey with trials
a hero showing perseverance
Explanation:
When Zeus the lord of cloud roused in the north a storm against the ships, this showed supernatural elements.
"The bows went plunging at the gust; sailscracked and lashed out strips in the big wind. We saw death in that fury, dropped the yards... " implies a difficult journey with trials.
In the end, putting put up the masts, hauled sail, and rested, letting the steersmen and the breeze take over implies a hero showing perseverance.
They are both faces you show when not satisfied. a frown is more sad though and a grimace is more out of anger and hate.